लखनऊ न्यूज डेस्क: लखनऊ में नगर निगम की ओर से 243 भैंसों की नीलामी के दौरान सोमवार को जमकर हंगामा हुआ। नीलामी सुबह 11 बजे शुरू हुई थी और करीब दोपहर 1 बजे सपा यूथ ब्रिगेड और आजाद समाज पार्टी के कार्यकर्ताओं ने विरोध शुरू कर दिया। इस दौरान सीतापुर से आए एक युवक के साथ मारपीट भी की गई। प्रदर्शनकारियों का आरोप था कि नीलामी में लखनऊ के बाहर से लोग पहुंचे हैं, जिनमें कई कसाई भी शामिल हैं।
हंगामा बढ़ने पर पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति संभाली। कुछ देर बाद लखनऊ पश्चिम से सपा विधायक अरमान खान भी वहां पहुंचे और पार्टी कार्यकर्ताओं के साथ धरने पर बैठ गए। प्रदर्शन के दौरान हजरतगंज एसीपी रजनीश वर्मा और इंस्पेक्टर विक्रम सिंह के साथ प्रदर्शनकारियों की धक्का-मुक्की हुई। इसके बाद पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को वहां से हटाकर बसों में बैठाया और ईको गार्डन ले गई। विधायक अरमान खान ने अपर नगर आयुक्त डॉ. अरविंद कुमार राव को पत्र देकर नीलामी रोकने की मांग की।
दरअसल, पारा इलाके में लंबे समय से कई अवैध डेयरियां चल रही थीं। 16 अगस्त को नगर निगम की टीम पुलिस के साथ अतिक्रमण हटाने पहुंची थी, लेकिन स्थानीय लोगों ने एक दरोगा पर हमला कर दिया था। इसके बाद 17 और 18 अगस्त को भी अभियान चलाया गया। इस कार्रवाई के दौरान कुल 241 भैंस, एक भैंसा और एक पड़िया को पकड़ा गया था, जिन्हें कांजी हाउस में रखा गया था।
नगर निगम ने नीलामी में एक भैंस की शुरुआती कीमत 21 हजार रुपये तय की थी। नीलामी में शामिल होने के लिए इच्छुक लोगों से 1 लाख 2 हजार रुपये जमा कराए गए थे। सोमवार को 243 पशुओं की नीलामी कुल 58 लाख 89 हजार रुपये में हुई। इसी नीलामी में बाहरी लोगों की मौजूदगी और कथित तौर पर कसाइयों के शामिल होने का आरोप लगाते हुए सपा कार्यकर्ताओं ने विरोध किया।