लखनऊ न्यूज डेस्क: लखनऊ के डालीबाग स्थित सरदार पटेल योजना में अवैध निर्माण को लेकर चल रहा विवाद अब नए चरण में पहुंच गया है। सिंचाई विभाग की ओर से अवैध निर्माणों पर नोटिस चस्पा किए जाने के बाद शासन ने पूरे मामले की जांच रिपोर्ट तलब कर ली है। सूत्रों के अनुसार, जांच के आधार पर विभाग के कर्मचारियों और अधिकारियों पर भी कार्रवाई की संभावना जताई जा रही है।
शासन यह पता लगाने में जुटा है कि जिस इलाके में लंबे समय से निर्माण गतिविधियां चल रही थीं, वहां समय रहते प्रभावी कार्रवाई क्यों नहीं की गई। अधिकारियों की भूमिका और संभावित लापरवाही की जांच की जा रही है। यदि जांच में अनियमितता या लापरवाही सामने आती है तो संबंधित कर्मचारियों और अधिकारियों के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की जा सकती है।
इस बीच सिंचाई विभाग की टीम ने एक स्थानीय भाजपा नेता बीवी सिंह पर कार्रवाई का विरोध करने और लोगों को भड़काने का आरोप लगाया है। विभागीय अधिकारियों का दावा है कि बीवी सिंह ने स्वयं भी अवैध निर्माण कर रखा है और विभागीय अभियान के खिलाफ स्थानीय लोगों को उकसा रहे हैं। इस संबंध में विभाग ने उच्चाधिकारियों को रिपोर्ट भेज दी है।
सूत्रों के मुताबिक रिपोर्ट के आधार पर पुलिस स्तर पर भी कार्रवाई पर विचार किया जा रहा है। फिलहाल डालीबाग में अवैध कब्जों और निर्माणों को लेकर प्रशासन, सिंचाई विभाग और स्थानीय लोगों के बीच तनाव की स्थिति बनी हुई है। अब सभी की निगाहें शासन की जांच रिपोर्ट और संभावित कार्रवाई पर टिकी हैं।